अब समझ आया कि क्यों कहते हैं कि किम्ची घूम-फिर कर आखिरकार हक्कासान ही होती है.. मैंने अलग-अलग तरह की खाने की कोशिश की, लेकिन.. आखिरकार हक्कासान ही.. जिस दिन किम्ची आती है.. वो बस सफेद चावल और किम्ची के साथ खत्म होता है.. हाहा आते ही खाने में भी स्वादिष्ट.. खट्टा होने पर भी स्वादिष्ट.. सच में हर तरह से स्वादिष्ट किम्ची